वीएफएक्स(VFX) के प्रकार | वीएफ़एक्स को कितने भागों मे बांटा गया है?

वीएफएक्स(VFX) के प्रकार।


वीएफ़एक्स क्या होता है?


वीएफ़एक्स(VFX) फूल फॉर्म: विज्वल एफ़ेक्ट्स

साधारण रूप मे अगर वीएफ़एक्स की बात की जाए तो, आपने अक्सर फिल्मों मे कई ऐसे दृश्य देखें होंगे जिनका वास्तविक जीवन मे होना संभव नहीं है, तो आप समझ जाइए की यहाँ वीएफ़एक्स तकनीक का इस्तेमाल किया गया है। 
आपने बाहुबली फिल्म तो पक्की देखी होगी, इस फिल्म मे जो बड़े-बड़े महल, पहाड़, झरने आदि बनाए गए थे वो सब वास्तविक नहीं था बल्कि ये सब वीएफ़एक्स के माध्यम से बनाया गया था।

वीएफ़एक्स के कितने प्रकार होते है?


  • सीजीआइ
  • क्रोमा की
  • मैट पेंटिंग
  • बुलेट टाइम्स
  • डिजिटल कोम्पोसीटिंग
  • मोसन कंट्रोल फोटोग्राफी
  • वर्चुअल सीनेमेटोग्राफी
  • प्रोस्थेटिक मेकअप
  • सिमुलेसन एफ़एक्स
  • डिजिटल एनिमेसन
मैंने नीचे कुछ उपयोगी वीएफ़एक्स के प्रकारों को अधिक अच्छे से समझाया है, जिनका उपयोग अधिकतर किया जाता है। तो चलिये जानते है-


सीजीआई: सीजीआई का हिन्दी मे अर्थ होता है, "कम्प्युटर जेनरेटेड इमेजरी", इस तकनीक इस्तेमाल बोलीवूड और होल्लिवूड दोनों इंडस्ट्रीज़ मे किया जाता है। सीजीआई एक ऐसी तकनीक है, जिसके माध्यम से बड़े-बड़े सेट्स बनाए जाते है, हालांकि ये सेट्स भौतिक नहीं होते बल्कि कम्पुटर सॉफ्टवेर के माध्यम से बनाए जाते है।
आपने अक्सर फिल्मों मे बड़े-बड़े विशाल जानवर, झरने, महल आदि देखे होंगे, और इन्हे देख ऐसा लगता है, जैसे की असल ज़िंदगी मे इस प्रकार के दृश्य को होना असंभव है, तो इस प्रकार के दृश्यो,केरेक्टर या ओब्जेक्ट्स को सीजीआइ के माध्यम से बनाया जाता है।

क्रोमा की: इस तकनीक के अंतर्गत फिल्मों मे एक्टर या एक्ट्रेस्स एक पर्दे (हरा या नीले रंग का) के सामने अपना अभिनय करते है, और अभिनय के पूरे होने के बाद उस पर्दे के स्थान पर कम्प्युटर सॉफ्टवेर की मदद से किसी भी प्रकार का बैक्ग्राउण्ड बनाया जा सकता है, मतलब की पीछे का जो पर्दा होता है, उसके स्थान पर कुछ भी लगाया जा सकता है जैसे झरना, पहाड़, तालाब, बादल, जंगल आदि।

मैट पेंटिंग: मैट पेंटिंग एक ऐसी तकनिक है, जिसमे कई तस्वीरों को जोड़कर एक सिंगल सीन बनाया जाता है और ये सीन भी कुछ इसी तरह से लगता है जैसे की ये कोई एक रियल सीन है, लेकिन इस तरह के सीन को अलग तस्वीरों को जोड़कर बनाया जाता है। मैट पेंटिंग की तकनीक अभी की नहीं है बल्कि उस समय की है जब इस दुनिया मे फिल्मों का दौर शुरू हुआ था।

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